अम्ल, क्षार एवं लवण: परिभाषाएं, सामान्य गुण एवं उपयोग, pH स्केल; दैनिक जीवन में pH महत्व, दैनिक जीवन में उपयोगी कुछ यौगिक: सोडियम क्लोराइड, सोडियम हाइड्रोक्साइड, विरंज चूर्ण, बेकिंग सोडा, धावन सोडा, प्लास्टर ऑफ पेरिस; साबुन एवं अपमार्जक ।
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1. निम्नलिखित में से कौन अम्लीय सामर्थ्य का बढ़ता हुआ सही क्रम देता है
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2. एक विद्यार्थी के हाथ पर दुर्घटनावश सांद्र अम्ल की कुछ बूँदें गिर जाती हैं। उसे क्या करना चाहिए?
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3. निम्नलिखित में से कौन - सा सत्य नहीं है?
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4. जब अम्ल की कुछ मात्रा को जल में मिलाया जाता है तो निम्नलिखित में से कौन-सी परिघटनाएँ होती हैं? (i) आयनीकरण (ii) उदासीनीकरण (iii) तनुता (iv) लवण निर्माण
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5. एक आर्द्र दिन में हाइड्रोजन क्लोराइड गैस के विरचन के दौरान गैस को सामान्यतः कैल्सियम क्लोराइड युक्त रक्षित नली में से गुजारा जाता है। रक्षित नली में लिए गए कैल्सियम क्लोराइड का कार्य है
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6. दाँत के इनेमल में कैल्सियम फॉस्फेट होता है। इसकी प्रकृति है
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7. सामान्य लवण रसोई में उपयोग किए जाने के अतिरिक्त किसके निर्माण में कच्चे माल के रूप में उपयोग में आता है? (i) धावन सोडा (ii) विरंजक चूर्ण (iii) बेकिंग सोडा (iv) बुझा चूना
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8. निम्नलिखित में से कौन-सा अम्लीय प्रकृति का है ?
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9. 1. क्या होता है जब एक परखनली में एक अम्ल का विलयन, एक क्षार के विलयन के साथ मिलाया जाता है? (i) विलयन का ताप बढ़ता है (ii) विलयन का ताप घटता है (iii) विलयन का ताप समान रहता है (iv) लवण का निर्माण होता है
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10. सोडियम कार्बोनेट क्षारकीय लवण है। क्योंकि यह लवण है
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11. दंत क्षय रोकने के लिए हमें नियमित रूप से दाँतों को ब्रश करने की सलाह दी जाती है। सामान्यतः काम में लिए जाने वाले टूथपेस्ट की प्रकृति होती है
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12. एक अम्ल तथा एक क्षारक के जलीय विलयन के लिए कौन-से कथन सत्य हैं? (i) pH जितनी उच्च होगी, अम्ल उतना ही प्रबल होगा (ii) pH जितनी उच्च होगी, अम्ल उतना दुर्बल होगा (iii) pH जितनी कम होगी, क्षारक उतना ही प्रबल होगा (iv) pH जितनी कम होगी, क्षारक उतना ही दुर्बल होगा
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13. जब HC1(g) को जल से गुजारते हैं तो निम्नलिखित में से कौन-सा (कौन-से) कथन सत्य है/हैं? (i) यह विलयन में आयनित नहीं होता है क्योंकि यह एक सह-संयोजक यौगिक है। (ii) यह विलयन में आयनित होता है। (iii) यह विलयन में हाइड्रोजन तथा हाइड्रॉक्सिल दोनों आयन देता है। (iv) यह जल के अणु से संयोग के कारण विलयन में हाइड्रोनियम आयन बनता है।
Explanation: संकेत-यद्यपि HCl गैस एक सहसंयोजक यौगिक है, यह जलीय विलयन में H+ (aq) तथा Cl-(aq) आयनों में आयनित हो जाता है।
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14. निम्नलिखित में से कौन - सा पदार्थ तनु अम्ल के साथ उपचार पर कार्बन डाइऑक्साइड नहीं देगा?
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15. दृष्टि दोष युक्त विद्यार्थी के लिए निम्नलिखित में से किसको अम्ल-क्षारक सूचक के रूप में प्रयुक्त कर सकते हैं?
यह अध्याय अम्ल, क्षारक एवं लवण के गुण, उनके उपयोग और उनके रासायनिक अभिक्रियाओं के बारे में जानकारी प्रदान करता है।
अम्ल वे पदार्थ होते हैं जो जल में घुलने पर H+ आयन उत्पन्न करते हैं।
क्षारक वे पदार्थ होते हैं जो जल में घुलने पर OH- आयन उत्पन्न करते हैं।
लवण वे पदार्थ होते हैं जो अम्ल और क्षारक की अभिक्रिया से उत्पन्न होते हैं।
अम्ल, क्षारक एवं लवण की विभिन्न रासायनिक अभिक्रियाएँ:
उदासीनीकरण वह प्रक्रिया है जिसमें अम्ल और क्षारक की अभिक्रिया से लवण और जल उत्पन्न होते हैं।
उत्प्रेरक वे पदार्थ होते हैं जो रासायनिक अभिक्रिया की गति को बढ़ाते हैं, लेकिन स्वयं अभिक्रिया में उपभोग नहीं होते।
इन नोट्स को पढ़कर, छात्र कक्षा 10 विज्ञान के इस अध्याय के महत्वपूर्ण बिंदुओं को समझ सकते हैं और अपनी परीक्षा की तैयारी कर सकते हैं।